बिहार की राजनीति में अपराध और चुनावी माहौल को लेकर बयानबाजी तेज होती जा रही है। जदयू नेता और केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री रामनाथ ठाकुर (Ram Nath Thakur) ने मोतिहारी में मीडिया से बातचीत करते हुए विपक्ष पर तीखा हमला बोला और राज्य में हो रही आपराधिक घटनाओं को सुनियोजित बताते हुए इसके पीछे विपक्ष की भूमिका होने का आरोप लगाया। उनके इस बयान ने राजनीतिक गलियारों में नई बहस छेड़ दी है, खासकर तब जब बिहार में कानून-व्यवस्था को लेकर विपक्ष लगातार सरकार को घेर रहा है।
रामनाथ ठाकुर ने कहा कि बिहार में हाल के दिनों में जो भी अपराध हो रहे हैं, वे सामान्य घटनाएं नहीं बल्कि योजनाबद्ध तरीके से कराए जा रहे हैं ताकि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की छवि को नुकसान पहुंचाया जा सके। उन्होंने दावा किया कि जनता द्वारा खारिज किए जाने के बाद विपक्ष के पास राजनीतिक तौर पर कोई मजबूत मुद्दा नहीं बचा है, इसलिए वह ऐसे तरीके अपना रहा है। मंत्री के इस बयान को जदयू की उस रणनीति के रूप में देखा जा रहा है जिसमें सरकार अपराध के मुद्दे पर खुद को बचाव की मुद्रा में रखते हुए विपक्ष पर पलटवार कर रही है।
केंद्रीय मंत्री ने अपने बयान में पश्चिम बंगाल की राजनीति और वहां चल रहे SIR विवाद का भी जिक्र किया। उन्होंने राहुल गांधी और तेजस्वी यादव की यात्राओं पर कटाक्ष करते हुए कहा कि महंगे टी-शर्ट पहनकर की गई यात्राओं का राजनीतिक असर सबके सामने है। उनका कहना था कि बिहार के चुनावी परिणाम जिस तरह आए, उसी तरह आगामी समय में बंगाल और असम में भी राजनीतिक बदलाव देखने को मिल सकता है। उन्होंने यहां तक कहा कि पश्चिम बंगाल में मौजूदा नेतृत्व का जाना तय है, जिससे साफ है कि जदयू और एनडीए की रणनीति राष्ट्रीय स्तर पर विपक्ष के खिलाफ आक्रामक रुख बनाए रखने की है।






















