बिहार विधान मंडल के बजट सत्र का 13वां दिन राजनीतिक गर्माहट और रणनीतिक बयानबाजी के बीच शुरू हुआ, जहां सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस की संभावनाएं पहले से ही बन चुकी हैं। बिहार विधान मंडल के बजट सत्र का आज 13वां दिन है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, डिप्टी सीएम सम्राट विधानसभा पहुंच चुके हैं। आज के सत्र में शराबबंदी नीति और महिलाओं की सुरक्षा जैसे मुद्दों पर विपक्ष के हंगामे के संकेत मिल रहे हैं, जिससे सदन में राजनीतिक टकराव और तेज हो सकता है।
बिहार में शराबबंदी लंबे समय से राजनीतिक और सामाजिक बहस का केंद्र रही है। विपक्ष लगातार सरकार पर आरोप लगाता रहा है कि कानून लागू होने के बावजूद अवैध शराब कारोबार और उससे जुड़ी घटनाएं कम नहीं हुई हैं। इसी मुद्दे को लेकर विपक्ष आज भी सरकार को घेरने की रणनीति पर काम कर रहा है। दूसरी ओर, सरकार अपने फैसलों को सामाजिक सुधार की दिशा में अहम कदम बताकर बचाव की तैयारी में है।
ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के जोकीहाट से विधायक मुर्शीद आलम ने कहा कि उनकी पार्टी फिलहाल किसी भी गठबंधन का हिस्सा नहीं है। उन्होंने कहा, “हम किसी गठबंधन में शामिल नहीं हैं। अगर महागठबंधन हमसे समर्थन मांगेगा, तो हम शर्तों के साथ उसे समर्थन देने पर विचार करेंगे।”
राष्ट्रीय लोक मोर्चा (RLM) के विधायक माधव आनंद ने कहा कि राज्यसभा का नोटिफिकेशन कल ही जारी हुआ है। उन्होंने दावा किया कि संख्या बल के आधार पर पांचों राज्यसभा सीटें राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) के खाते में जाएंगी। उम्मीदवारों के नाम को लेकर उन्होंने कहा कि एनडीए की बैठक में चर्चा के बाद ही तय किया जाएगा कि किन नेताओं को प्रत्याशी बनाया जाएगा।






















