भोजपुरी फिल्म इंडस्ट्री की चर्चित अभिनेत्री अक्षरा सिंह (Akshara Singh) ने एक बार फिर अपने बयानों से सुर्खियां बटोर ली हैं। पटना में मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने जनशक्ति जनता दल (जेजेडी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेज प्रताप यादव की खुलकर प्रशंसा की और साथ ही भोजपुरी स्टार पवन सिंह और ज्योति सिंह के विवाद पर भी स्पष्ट राय रखी। उनके इस बयान ने मनोरंजन और राजनीति दोनों क्षेत्रों में नई चर्चा को जन्म दे दिया है।
अक्षरा सिंह ने तेज प्रताप यादव द्वारा अभिनेता राजपाल यादव की आर्थिक मदद करने को सराहनीय कदम बताते हुए कहा कि ऐसे प्रयास समाज के लिए प्रेरणा बन सकते हैं। उन्होंने कहा कि अगर सक्षम लोग इस तरह आगे आएं तो मुश्किल दौर से गुजर रहे कलाकारों को बड़ी राहत मिल सकती है। उनके मुताबिक यह सिर्फ व्यक्तिगत सहायता नहीं बल्कि सामाजिक संवेदनशीलता का उदाहरण है, जो बिहार के लोगों को भी प्रेरित करेगा कि वे जरूरतमंदों की मदद के लिए आगे आएं। अक्षरा सिंह के इस बयान को कई लोग राजनीति और समाज सेवा के बीच संतुलित संदेश के रूप में देख रहे हैं।
बातचीत के दौरान जब उनसे बिहार की राजनीतिक बयानबाजी पर सवाल किया गया तो उन्होंने खुद को राजनीति की गहराई से दूर बताते हुए कहा कि वे केवल वही टिप्पणी करना चाहती हैं जिसके बारे में उन्हें पर्याप्त जानकारी हो। इस प्रतिक्रिया को उनके संयमित सार्वजनिक रवैये के रूप में देखा जा रहा है, खासकर ऐसे समय में जब चुनावी माहौल के बाद भी राजनीतिक बयानबाजी जारी है।
गौरतलब है कि बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के दौरान अक्षरा सिंह ने तेज प्रताप यादव के लिए प्रचार किया था। हालांकि चुनाव परिणाम उनके पक्ष में नहीं रहे, लेकिन अभिनेत्री का समर्थन अब भी चर्चा का विषय बना हुआ है। विशेषज्ञों का मानना है कि भोजपुरी कलाकारों का राजनीति से जुड़ाव क्षेत्रीय राजनीति में नई सामाजिक और सांस्कृतिक परत जोड़ रहा है।
इसी बीच उन्होंने अभिनेता राजपाल यादव की स्थिति पर भी संवेदनशील प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि पूरी मनोरंजन इंडस्ट्री उनके लिए चिंतित है। उनके अनुसार, जो कलाकार वर्षों तक लोगों का मनोरंजन करते रहे हैं, मुश्किल समय में उनके लिए उद्योग और प्रशंसकों का साथ बेहद जरूरी है। उन्होंने कलाकारों और फैंस दोनों से अपनी क्षमता के अनुसार मदद करने की अपील की, जिससे इंडस्ट्री में एकजुटता का संदेश सामने आया।
पवन सिंह और ज्योति सिंह के तलाक विवाद पर भी अक्षरा सिंह ने खुलकर अपनी राय दी। उन्होंने कहा कि शादी एक जिम्मेदारी है और अगर रिश्ते में अलगाव आता है तो महिला का एलिमनी लेना उसका अधिकार है। उनके बयान ने सोशल मीडिया पर बहस को तेज कर दिया है, क्योंकि उन्होंने यहां तक कहा कि ज्योति सिंह द्वारा मांगी गई बड़ी रकम भी उनके नजरिए से गलत नहीं है और समाज को ऐसे मामलों में न्याय सुनिश्चित करने के लिए संवेदनशील होना चाहिए। इस टिप्पणी को कई लोग महिलाओं के अधिकारों के समर्थन के रूप में देख रहे हैं।






















