जोरहाट: असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने एक बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि राज्य जल्द ही अपना सैटेलाइट लॉन्च करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। इसरो के साथ मिलकर शुरू किए गए इस प्रोजेक्ट पर चर्चा काफी आगे बढ़ चुकी है और उम्मीद है कि इस साल के अंत तक इसे पूरा कर लिया जाएगा।
सीएम सरमा ने जोरहाट में पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा, “कल इसरो के वैज्ञानिक गुवाहाटी आए थे। हम असम के लिए एक सैटेलाइट पर काम कर रहे हैं। इस सैटेलाइट की मदद से हमें सबसे पहले यह जानकारी मिल सकेगी कि अगर बांग्लादेश से कोई अवैध रूप से सीमा पार करने की कोशिश करता है, तो हम उसे अपने कंट्रोल रूम से तुरंत पकड़ सकते हैं।” उन्होंने बताया कि इस सैटेलाइट से न केवल सीमा सुरक्षा को मजबूती मिलेगी, बल्कि बाढ़ की चेतावनी और किसानों के लिए मौसम संबंधी डेटा जैसे कई अन्य फायदे भी होंगे।
यह प्रोजेक्ट असम के महत्वाकांक्षी ASSAMSAT प्रोजेक्ट का हिस्सा है, जिसकी घोषणा मार्च 2025 में असम बजट के दौरान की गई थी। असम देश का पहला ऐसा राज्य बनने जा रहा है, जिसके पास अपना सैटेलाइट होगा। इसरो के साथ मिलकर तैयार हो रहे इस सैटेलाइट से राज्य के सामाजिक-आर्थिक प्रोजेक्ट्स को भी बढ़ावा मिलेगा।
गौरतलब है कि भारत-बांग्लादेश सीमा पर पहले से ही निगरानी के लिए कई तकनीकी उपाय किए गए हैं। साल 2019 में डूबरी जिले में BOLD-QIT (बॉर्डर इलेक्ट्रॉनिकली डोमिनेटेड क्विक रिस्पॉन्स टीम इंटरसेप्शन टेक्नीक) सिस्टम शुरू किया गया था, जिसमें कैमरे और घुसपैठ का पता लगाने वाली तकनीक की मदद से सीमा पार अपराधों पर लगाम लगाई जा रही है। अब सैटेलाइट की मदद से असम की सीमा सुरक्षा और सख्त होने की उम्मीद है।