बिहार में कानून-व्यवस्था (Bihar Crime News) पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पटना जिले के बाढ़ थाना क्षेत्र के जलगोविंद गाँव में केस वापस नहीं लेने की जिद एक युवक की जान पर भारी पड़ गई। दबंग अपराधियों ने खुलेआम गोली मारकर धर्मवीर पासवान की हत्या कर दी। यह घटना सिर्फ एक व्यक्ति की मौत नहीं, बल्कि ग्रामीण इलाकों में बढ़ते दबंगई और डर के माहौल की भयावह तस्वीर पेश करती है।
परिजनों के मुताबिक धर्मवीर पासवान का गाँव के कुछ लोगों से पुराना विवाद चल रहा था, जिसे लेकर वह कानूनी लड़ाई लड़ रहा था। इसी केस को वापस लेने का लगातार दबाव बनाया जा रहा था। बीते कई दिनों से धमकियाँ मिल रही थीं, लेकिन धर्मवीर ने कानून पर भरोसा जताते हुए झुकने से इनकार कर दिया। शनिवार रात दबंगों का गुस्सा इस कदर भड़का कि वे उसके घर तक पहुँच गए और दोबारा केस वापस लेने को कहा। धर्मवीर ने सुबह बात करने की बात कही, लेकिन यही जवाब उसकी जिंदगी का आखिरी जवाब साबित हुआ।
गुस्से में अपराधियों ने धर्मवीर के पेट में ताबड़तोड़ तीन गोलियाँ दाग दीं। गोलियों की आवाज से गाँव में अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों की मदद से गंभीर रूप से घायल धर्मवीर को बाढ़ अनुमंडल अस्पताल ले जाया गया, जहाँ से उसकी नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने पीएमसीएच पटना रेफर कर दिया। देर रात इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
इस हत्या के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। मृतक के परिजनों का आरोप है कि हत्या के बाद भी उन्हें लगातार धमकियाँ मिल रही हैं, जिससे पूरा परिवार सहमे हुए हालात में जीने को मजबूर है। परिजनों ने गाँव के ही कुछ दबंग लोगों पर साजिश रचकर हत्या करने का आरोप लगाया है। सूचना मिलते ही बाढ़ थाना पुलिस मौके पर पहुँची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गहन जाँच की जा रही है और नामजद आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।






















