[Team insider] धनबाद में कोयले का अवैध खनन से लगातार हादसे हो रहे हैं और लोगों की जान जा रही है। इसके बावजूद भी लोग भी जान हथेली में रखकर कोयला उत्खनन करने खदान के लिए उतरते हैं। एक महीने के अंदर जिले के विभिन्न स्थानों पर अवैध खनन के दौरान एक दर्जन से ज्यादा लोगों अपनी जान गंवा चुके हैं। वहीं कई घायल हुए हैं।
कोयला चुनने वालों में भगदड़ मच गया

ताजा मामला में गुरुवार की सुबह करीब सात बजे निरसा थाना क्षेत्र में पड़ने वाला कापासारा आउटसोर्सिंग का है। कोयले का खनन करने के लिए खदान के मुहाने में स्थानीय लोग घुसे थे। अचानक चाल गिरने से दो लोगों की मौत हो गई। जबकि, एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। वहीं इस घटना को देख आउटसोर्सिंग में अवैध ढंग से कोयला चुनने वालों में भगदड़ मच गया और आउटसोर्सिंग परियोजना में सन्नाटा पसर गया।
प्रबंधन व पुलिस ने ऐसी किसी प्रकार की घटना से किया इंकार
हालांकि, इसीएल, आउटसोर्सिंग प्रबंधन व पुलिस ने ऐसी किसी प्रकार की घटना से इंकार किया है। जानकारी के अनुसार गुरुवार की सुबह रोजाना की भांति सैकड़ों की संख्या में लोग कोयला उत्खनन करने खदान में उतरे। आउटसोर्सिंग परियोजना के पश्चिम दिशा की ओर बने मुहाना के अंदर लोग कोयला काट रहे थे। इसी दौरान अचानक चाल गिर पड़ा। जिसके चपेट में आने से दो लोगों की मौत घटनास्थल पर हो गई। साथ ही एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। उनके सहयोगियों ने मलवा से निकाल कर दोनों शव ले भागे। घायल व्यक्ति को इलाज के लिए स्थानीय अस्पताल ले गए। जिसमें एक मृतक व एक घायल कमारडीह गांव का रहने वाला बताया जाता है। जबकि एक मुगमा क्षेत्र का रहने वाला बताया जाता है।
हादसे के बाद अवैध खनन और तस्करी जारी
इस हादसे के बाद एक बार फिर यह साफ हो गया है कि धनबाद में कोयले का अवैध खनन और तस्करी जारी है। इसे रोकने में पुलिस-प्रशासन की कोई दिलचस्पी नहीं है। कोयले की काली कमाई में अपनी गोटी लाल करने के लिए पुलिस ने कोयले के अवैध खनन को खुली छूट दे रखी है।