सुरक्षाबलों द्वारा माओवादियों के विरुद्ध बूढ़ा पहाड़ सहित अन्य जगहों पर लगातार नक्सल विरोधी अभियान चलाया जा रहा है। वहीं सक्रिय माओवादियों की गिरफ्तारी का हर संभव प्रयास किया जा रहा है। वहीं पुलिस को मिली गुप्त सूचना के आधार पर संगठन के बिहार रीजनल कमेटी के मध्य जोन के सब जोनल कमांडर रविंद्र मेहता उर्फ छोटका व्यास सुरक्षा बलों द्वारा चलाए जा रहे नक्सल विरोधी अभियान से भयभीत होकर कुछ समय से गढ़वा जिला में छिपा हुआ था। वह फिर से अपनी टीम में शामिल होने जा रहा था, जिसके बाद गढ़वा पुलिस और सीआरपीएफ 172 की संयुक्त टीम गठित कर रविंद्र मेहता को गिरफ्तार किया गया।
एरिया कमांडर रैंक से पदोन्नत कर सब जोनल कमांडर बनाया था
बता दें कि रविंद्र मेहता 2016 से ही माओवादी संगठन में सक्रिय रहा है और इस दौरान संदीप जाधव के नेतृत्व में मुख्य रूप से झारखंड के पलामू जिला एवं बिहार के गया औरंगाबाद जिले में सक्रिय रहा है। हाल के वर्षों में माओवादी संगठन ने इसे एरिया कमांडर रैंक से पदोन्नत कर सब जोनल कमांडर बनाया था। जिसके बाद झारखंड सरकार इस पर इनाम की राशि ₹5लाख कर दी।
रविंद्र मेहता की गिरफ्तारी माओवादियों को एक बड़ा झटका
वहीं झारखंड पुलिस के लिए रविंद्र मेहता की गिरफ्तारी एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है क्योंकि इससे झारखंड बिहार सीमा पर सक्रिय माओवादियों को एक बड़ा झटका लगा है। गढ़वा एसपी ने बताया कि गिरफ्तार रविन्द्र मेहता उर्फ छोटा व्यास बिहार तथा झारखंड के सीमावर्ती इलाके में काफी सक्रिय था. झारखंड तथा बिहार में 16 मामले दर्ज है जिसमें से 5 मामला पलामू जिले का तथा 16 बिहार के गया तथा औरंगाबाद जिले के विभिन्न थाना में दर्ज है. 2021 में पंचायत चुनाव में बिहार के मदनपुर थाना में पंचायत भवन को विस्फोट कर उड़ाया था. हाल ही मे सबजोनल कमांडर बनाया गया था।




















