Indigo Flights Crisis: देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो करीब एक हफ्ते से जारी बड़े ऑपरेशनल संकट से धीरे-धीरे बाहर निकलती दिख रही है, लेकिन हालात पूरी तरह सामान्य होने में अभी वक्त लग सकता है। लगातार आठवें दिन भी एयरलाइन ने 100 से अधिक फ्लाइट्स रद्द करने की घोषणा की। कंपनी का दावा है कि उसका नेटवर्क अब लगभग सामान्य हो चुका है, लेकिन हकीकत यह है कि कई प्रमुख एयरपोर्ट्स पर भारी उड़ान रद्दीकरण जारी है और सरकार भी अब एयरलाइन पर कठोर कार्रवाई की तैयारी में है।
इंडिगो की वेबसाइट पर जारी ताज़ा जानकारी के मुताबिक, 9 दिसंबर को देशभर में 100 से ज्यादा उड़ानें कैंसिल की गईं। दक्षिण भारत के प्रमुख शहरों चेन्नई, बेंगलुरु और तिरुवनंतपुरम में इसका सबसे ज्यादा प्रभाव देखने को मिला। इससे पहले बीते सात दिनों में एयरलाइन 4500 से अधिक उड़ानें रद्द कर चुकी है, जिससे लाखों यात्रियों की यात्रा योजनाएं प्रभावित हुईं और एयरपोर्ट्स पर अव्यवस्था का माहौल पैदा हो गया।
सरकारी सख्ती के संकेत भी साफ दिखने लगे हैं। केंद्रीय उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू ने संसद में कहा कि इंडिगो की “गंभीर लापरवाही” की जांच शुरू हो चुकी है और ऐसी कार्रवाई की जाएगी कि भविष्य में किसी भी एयरलाइन के लिए यह मिसाल बन जाएगी। उन्होंने संकेत दिए कि इंडिगो के स्लॉट कम किए जाएंगे और कुछ स्लॉट्स दूसरी एयरलाइंस को दिए जाएंगे ताकि यात्रियों की परेशानी कम हो और बाजार में प्रतिस्पर्धा बनी रहे। मंत्री ने यह भी कहा कि देश को कम से कम पांच बड़ी एयरलाइंस की जरूरत है और यह समय नई एयरलाइनें शुरू करने के लिए उपयुक्त है।
दक्षिण भारत के तीन बड़े एयरपोर्ट्स—तिरुवनंतपुरम, चेन्नई और बेंगलुरु—में रद्दीकरण का असर सबसे ज्यादा दिखाई दिया। तिरुवनंतपुरम में कई उड़ानें रद्द की गईं, तमिलनाडु में करीब 41 उड़ानें रुक गईं, जबकि बेंगलुरु एयरपोर्ट पर इंडिगो ने 58 आने वाली और 63 उड़ान भरने वाली सेवाओं को रद्द कर दिया। इससे न सिर्फ यात्री असमंजस में रहे बल्कि एयरपोर्ट प्रबंधन पर भी अतिरिक्त दबाव बना।
इधर इंडिगो अपने बचाव में लगातार यह दोहरा रही है कि स्थिति अब सुधर रही है। एयरलाइन का कहना है कि उसकी 1800 से अधिक उड़ानें फिर से बहाल कर दी गई हैं और 90% सेवाएँ समय पर चल रही हैं। एयरलाइन ने यात्रियों को अब तक 827 करोड़ रुपये का रिफंड देने और 4500 से ज्यादा मिसहैंडल्ड लगेज वापस करने का दावा किया है। कंपनी का कहना है कि उसका नेटवर्क लगभग पुनर्स्थापित हो चुका है और आने वाले दिनों में रद्दीकरण और कम होंगे।






















