Madhubani Encroachment Case: मधुबनी जिले में सरकारी आदेश के तहत अतिक्रमण हटाने पहुंची पुलिस–प्रशासन की टीम पर जानलेवा हमला होने से इलाके में हड़कंप मच गया। फुलपरास थाना क्षेत्र के फुलकाही विशनपुर गांव में सोमवार दोपहर उस समय हालात बेकाबू हो गए, जब अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान ग्रामीणों का गुस्सा अचानक हिंसा में बदल गया। आरोप है कि भेदभाव को लेकर आक्रोशित लोगों ने पुलिस टीम पर पथराव और धक्का–मुक्की शुरू कर दी, जिससे एक पुलिस जवान के सिर में गंभीर चोट आई। घायल जवान को तत्काल इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी हालत पर नजर रखी जा रही है।
घटना के दौरान स्थिति इतनी तनावपूर्ण हो गई कि ग्रामीणों ने मौके पर मौजूद अंचलाधिकारी को खदेड़ दिया। बताया जा रहा है कि सीओ ने किसी तरह भागकर अपनी जान बचाई, अन्यथा बड़ी अनहोनी से इनकार नहीं किया जा सकता था। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिससे प्रशासनिक कार्रवाई और कानून-व्यवस्था पर कई सवाल खड़े हो रहे हैं। वायरल वीडियो में साफ दिख रहा है कि किस तरह सरकारी कार्य में बाधा डालते हुए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों पर हमला किया गया।
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, अतिक्रमण हटाने की यह कार्रवाई पूर्व निर्धारित आदेश के तहत की जा रही थी। शुरुआती दौर में स्थिति सामान्य थी, लेकिन कुछ ही देर में विरोध ने हिंसक रूप ले लिया। हमले के बाद पुलिस बल ने किसी तरह हालात को संभाला, वहीं घटना की सूचना मिलते ही वरीय अधिकारी मौके पर पहुंचे और अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई। फिलहाल क्षेत्र में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है और प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर रखे हुए है।
पुलिस प्रशासन ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए स्पष्ट किया है कि सरकारी काम में बाधा डालना और पुलिस बल पर हमला करना गंभीर अपराध है। फुलपरास थाना में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और वीडियो फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान की जा रही है। संभावित आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। प्रशासन का कहना है कि दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा और कानून के तहत सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।





















