बिहार में एनडीए की सरकार बनने के बाद से ही जीतन राम मांझी लगातार दो मंत्री पद की मांग कर रहे है। मांझी का कहना है कि एक रोटी से पेट नहीं भरेगा, उन्हें महागठबंधन से सीएम पद का ऑफर मिला था लेकिन उन्होंने एनडीए का साथ चुना है। मांझी के मांग पर बिहार के डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने कहा कि इसपर बात हो रही है आगे इसपर निर्णय लिया जाएगा। एनडीए की सरकार में मांझी अपने चार विधायकों के साथ शामिल है।
अयोध्या के लिए रवाना हुई पहली आस्था स्पेशल ट्रेन, रामलला के दर्शन के लिए रवाना हुए हजारों श्रद्धालु
‘खेला होने से डर गई है कांग्रेस’
राजद नेता तेजस्वी यादव द्वारा लगातार बिहार में खेला होने की बात कही जा रही है जिसको लेकर सम्राट चौधरी ने कहा कि हमारी दो पार्टियों के पास पूर्ण बहुमत है और तीसरी पार्टी के तौर पर जीतन राम मांझी का समर्थन है। तीन पार्टी के बहुमत से 128 विधायक होते हैं, इसके बावजूद कोई छेड़छाड़ करने की कोशिश करता है तो क्या कहा जाए। कुछ लोग तो खेला के डर से अपने एमएलए को हैदराबाद घूमा रहे हैं।
‘हर चुनौती का सामना करेगी एनडीए’
सम्राट ने आगे कहा कि बिहार में नई सरकार की सबसे बड़ी चुनौती होगी अपने संसाधन को कैसे बढ़ाए, बजट में हमारी हिस्सेदार कम होती है लेकिन भारत सरकार से जो सहयोग मिलता है तो वह बजट बड़ा हो जाता है। लगभग दो लाख इकसठ हजार करोड़ का बजट है। आगे हम वित्तीय प्रबंधन को और बेहतर करने की कोशिश किया जाएगा। आर्थिक संसाधन कम रहते हुए बिहार में हम विकास करते रहे। जो जिम्मेदारी मिली है उसी तरफ हम काम करते रहेंगे। सभी जिलों में मेडिकल कॉलेज खोलने का हमने टारगेट लिया है। पहली बार बजट पेश करेंगे, हमारी कोशिश है गरीबों के कल्याण के लिए हम काम करें, साथ ही 94 लाख लोगों को रोजगार देना है।




















