प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की छापेमारी के बाद जयश्री गायत्री फूड प्रोडक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड का मामला और गंभीर हो गया है। कंपनी पर मिलावट और फर्जी गुणवत्ता प्रमाणपत्रों के जरिए देश-विदेश में डेयरी प्रोडक्ट्स सप्लाई करने का आरोप है। बुधवार को भोपाल, सीहोर और मुरैना स्थित ठिकानों पर ईडी ने छापे मारे थे, जिसके बाद कंपनी के डायरेक्टर किशन मोदी की पत्नी पायल मोदी (31) ने गुरुवार को जहरीला पदार्थ खा लिया। उनकी हालत गंभीर बनी हुई है और उन्हें भोपाल के एक निजी अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया है।
सुसाइड नोट में गंभीर आरोप
पायल मोदी का चार पेज का सुसाइड नोट मिला है, जिसमें उन्होंने केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण एवं उद्योग मंत्री चिराग पासवान और उनके जीजा समेत पांच लोगों पर प्रताड़ित करने के आरोप लगाए हैं। चूनाभट्टी थाना प्रभारी भूपेंद्र कौर संधू ने बताया कि पुलिस ने सुसाइड नोट जब्त कर लिया है और जांच जारी है।
सुसाइड नोट में लिखे गए नाम:
- चिराग पासवान (केंद्रीय मंत्री)
- चंद्रप्रकाश पांडे (चिराग पासवान के जीजा, कंपनी के पूर्व डायरेक्टर)
- वेद प्रकाश पांडे (लोजपा प्रवक्ता)
- सुनील त्रिपाठी (पूर्व सीईओ, कंपनी से गबन के आरोप में हटाया गया)
- भगवान सिंह मेवाड़ा (आरटीआई एक्टिविस्ट)
- हितेष पंजाबी
“सत्ता से कोई नहीं जीत सकता” – सुसाइड नोट में लिखा
पायल मोदी ने लिखा कि “जानबूझकर हमारे घर और फैक्ट्री पर सीजीएसटी, एफएसएसआई, ईओडब्ल्यू, ईडी की छापेमारी करवाई गई। मेरा परिवार बहुत प्रताड़ित हुआ। हमारी सुनने वाला कोई नहीं। हम गलत नहीं थे, फिर भी यह कदम उठाया।” उन्होंने आगे लिखा कि “मुझे ऐसा लगता है कि यह करने के बाद मेरे परिवार को न्याय मिलेगा।”
सुसाइड नोट में यह भी दावा किया गया है कि वेद प्रकाश पांडे ने चार-पांच दिन पहले ही बता दिया था कि ईडी की रेड पड़ने वाली है।
जयश्री गायत्री फूड्स और चिराग पासवान के रिश्ते
मामले में चंद्र प्रकाश पांडे, जो चिराग पासवान के जीजा हैं, का नाम प्रमुख रूप से सामने आ रहा है। चंद्र प्रकाश 2019 से 2023 तक जयश्री गायत्री फूड्स में डायरेक्टर था, लेकिन मतभेदों के कारण उसे हटा दिया गया।
इसके अलावा, सुनील त्रिपाठी 2017 से 2023 तक कंपनी में सीईओ था, लेकिन गबन के आरोप में उसे हटाकर एफआईआर दर्ज कराई गई थी।