बिहार विधानसभा चुनावों में मिली ऐतिहासिक जीत के बाद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (PM Modi) ने सोमवार को राज्य के राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सांसदों के साथ संसद भवन में एक महत्वपूर्ण बैठक की। इस बैठक को केवल औपचारिक मुलाकात नहीं, बल्कि चुनाव के बाद शासन की नई दिशा तय करने वाली रणनीतिक बैठक के रूप में देखा जा रहा है। बैठक के कुछ घंटों बाद प्रधानमंत्री ने राजग सांसदों के साथ अपनी तस्वीर एक्स पर साझा करते हुए लिखा कि इस मुलाकात ने उन्हें नई ऊर्जा से भर दिया है और उन्होंने प्रदेश के ‘परिवारजनों’ के जीवन को आसान बनाने के लिए सांसदों के संकल्प की सराहना की।
पीएम मोदी ने अपने संदेश में स्पष्ट कर दिया कि ‘डबल इंजन सरकार’ बिहार की जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरने के लिए कोई कमी नहीं छोड़ेगी। उन्होंने सांसदों को यह भी याद दिलाया कि चुनावी जीत अंतिम लक्ष्य नहीं, बल्कि जनता के लिए ज़मीन पर कठोर परिश्रम का वास्तविक आरंभ है। प्रधानमंत्री की यह टिप्पणी इस बात की ओर संकेत करती है कि केंद्र और राज्य सरकार आने वाले महीनों में विकास, रोजगार, बुनियादी सुविधाओं और सामाजिक योजनाओं पर अधिक गति से काम कर सकती हैं।
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सूत्रों के अनुसार, बैठक में पीएम मोदी ने राजग सांसदों से कहा कि जनता ने जिस भरोसे के साथ उन्हें भारी बहुमत दिया है, उसे वास्तविक उपलब्धियों में बदला जाना चाहिए। उन्होंने सांसदों से अधिक उत्साह और ज़िम्मेदारी के साथ काम करने को कहा।
लोक जनशक्ति पार्टी (राम विलास) के प्रमुख और केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने बताया कि बिहार के सभी राजग सांसदों ने प्रधानमंत्री से मुलाकात कर उन्हें चुनावी समर्थन और निर्णायक नेतृत्व के लिए धन्यवाद दिया। चिराग पासवान ने कहा कि बिहार में राजग की बड़ी जीत प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की संयुक्त लोकप्रियता और विकासवादी छवि का परिणाम है। वहीं पीएम से मुलाकात के बाद लोजपा (राम विलास) की सांसद शांभवी चौधरी ने भी यह कहा कि प्रधानमंत्री ने उन्हें बड़ी जीत के साथ जुड़ी बड़ी जिम्मेदारी का एहसास करवाया।
गौरतलब है कि बिहार विधानसभा की 243 सीटों में से राजग को 202 सीटों का भारी जनादेश मिला है, जिसमें भाजपा को 89, जदयू को 85, लोजपा (राम विलास) को 19, हम (से.) को पांच और राष्ट्रीय लोक मोर्चा को चार सीटें हासिल हुई हैं। इस प्रचंड जीत ने बिहार में राजनीतिक समीकरणों को एक बार फिर नए सिरे से स्थापित किया है। वास्तविकता में बदलते हैं। पीएम मोदी के संदेश के बाद यह साफ है कि आने वाले दिनों में बिहार के विकास एजेंडे पर और भी तेज़ी देखने को मिलेगी।






















