बिहार विधानसभा परिसर में बुधवार को राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के विधायकों ने जोरदार प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन मुख्यमंत्री महिला उद्यमी योजना (या मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना) के तहत लंबित भुगतान की मांग को लेकर किया गया।विधायकों ने हाथों में तख्तियां और बैनर लिए हुए विधानसभा परिसर में जुटकर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। राजद सदस्यों का मुख्य आरोप था कि राज्य सरकार महिलाओं के हक की राशि देने से बच रही है। विशेष रूप से योजना के तहत कथित तौर पर बकाया दो लाख रुपये के भुगतान की मांग की गई।
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प्रदर्शनकारियों ने कहा कि मुख्यमंत्री महिला उद्यमी योजना महिलाओं को उद्यमिता और स्वरोजगार के लिए आर्थिक सहायता प्रदान करने वाली महत्वपूर्ण योजना है, जिसमें अधिकतम 10 लाख रुपये तक की मदद (50% अनुदान और 50% ब्याज-मुक्त ऋण) दी जाती है। लेकिन कई लाभार्थी महिलाओं को अभी भी उनकी बकाया राशि नहीं मिली है, जिससे वे आर्थिक रूप से परेशान हैं।राजद विधायकों ने नीतीश कुमार सरकार पर महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के वादे पर खरा न उतरने का आरोप लगाया। उन्होंने मांग की कि शीघ्र ही सभी लंबित भुगतान किए जाएं और योजना को प्रभावी ढंग से लागू किया जाए।
यह प्रदर्शन बिहार विधानसभा के बजट सत्र के दौरान हुआ, जहां पहले भी विपक्ष ने महिला रोजगार योजनाओं से जुड़े मुद्दों पर सरकार को घेरा है। सरकार की ओर से अभी तक इस प्रदर्शन पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, लेकिन योजना के तहत हाल ही में कई किस्तों में लाखों महिलाओं के खातों में 10-10 हजार रुपये ट्रांसफर किए गए हैं।






















