SIR Controversy मुद्दे पर देश की राजनीति अचानक तेज़ी से गर्म हो गई है। संसद में लगातार हो रहे हंगामे और विपक्ष के विरोध के बीच भाजपा नेताओं ने खुलकर पलटवार करते हुए कांग्रेस और विपक्षी दलों पर देश को भ्रमित करने का आरोप लगाया है। केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने SIR पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि SIR कोई पहली बार नहीं हो रहा है और यह संवैधानिक व्यवस्थाओं के तहत होता रहा है। उन्होंने कहा कि SIR एक शुद्धिकरण प्रक्रिया है, और जब शुद्धिकरण की बात आती है तो इसे सकारात्मक रूप में स्वीकार किया जाना चाहिए न कि विवाद या विरोध के रूप में। गिरिराज सिंह के अनुसार खामियों को हटाकर सुधार करना ही इसका उद्देश्य है, इसलिए इसे लेकर जो बवाल मचाया जा रहा है वह अनावश्यक और राजनीतिक रूप से प्रेरित है।
इसी मुद्दे पर भाजपा नेता शाहनवाज़ हुसैन ने कांग्रेस पर सीधा हमला बोला। उन्होंने कहा कि कांग्रेस हमेशा से ड्रामेबाजी में माहिर रही है और अब भी संसद को राजनीतिक नाटक का मंच बनाना चाहती है। उनका कहना था कि कांग्रेस हंगामा कर संसद का समय बर्बाद कर रही है जबकि राहुल गांधी अपनी संवैधानिक जिम्मेदारी निभाने के बजाय व्यवधान पैदा कर रहे हैं। शाहनवाज़ के बयान के बाद राजनीतिक तापमान और बढ़ गया है क्योंकि इसे विपक्ष के तौर-तरीकों पर गंभीर सवाल के रूप में देखा जा रहा है।
भाजपा सांसद संजय जायसवाल ने कहा कि किरेन रिजिजू ने साफ शब्दों में कहा है कि सरकार हर मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार है, लेकिन इसके लिए संसदीय प्रक्रिया और समय का पालन करना आवश्यक है। उनका कहना था कि विपक्ष की यह ज़िद कि चर्चा तुरंत ही हो, संसद चलने नहीं देगी। उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार में विपक्ष ने SIR को लेकर भ्रम फैलाने की कोशिश की, लेकिन परिणाम में खुद बुरी तरह हार गया। संजय जायसवाल ने यह भी दावा किया कि पश्चिम बंगाल चुनाव में SIR मुद्दा नहीं बल्कि अपराध, कानून व्यवस्था और बांग्लादेशी-रोहिंग्या शरणार्थियों जैसे सवाल मुख्य रहेंगे, जबकि ममता बनर्जी मुद्दे से भटकाने की कोशिश कर रही हैं।
SIR को लेकर संसद में हंगामा.. BJP नेताओं ने विपक्ष पर साधा निशाना
केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि बिहार चुनाव में विपक्ष को भारी पराजय मिली, और अब वे संसद में SIR के नाम पर गतिरोध पैदा कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जनमत लोकतंत्र में सर्वोपरि होता है, लेकिन विपक्ष इस सच्चाई को स्वीकार करने से इंकार कर रहा है। प्रधान के अनुसार सरकार स्पष्ट कर चुकी है कि किसी भी विषय पर चर्चा हो सकती है, लेकिन विपक्ष मुद्दे को बहाना बनाकर देश को भ्रमित करने की कोशिश कर रहा है।






















