बिहार में जदयू और राजद की सरकार को एक साल होने को आया है। 9 अगस्त 2022 को नीतीश कुमार ने एनडीए से नाता तोड़कर राजद के साथ सरकार बनाई थी। अब एक साल बाद राजद और जदयू के बीच दूरियां एक बार फिर बढ़ने लगी हैं। सीएम नीतीश कुमार एक बार फिर राजद के नेताओं की हिट लिस्ट में आ गए हैं। ऐसा लग रहा है कि राजद और जदयू में सबकुछ ठीक नहीं है। क्योंकि राजद के जिस नेता ने इस बार नीतीश कुमार को निशाने पर लिया है, वो सिर्फ पार्टी के नेता नहीं हैं बल्कि लालू-तेजस्वी परिवार से उनकी करीबी के किस्सों की पूरी किताब है।
नीतीश के बयान पर एमएलसी का कमेंट
दरअसल, सीएम नीतीश कुमार ने सोमवार को बिहार म्यूजियम के स्थापना दिवस कार्यक्रम में एक ऐसा बयान दे दिया, जिस पर अलग ही तरह की चर्चा होने लगी। दार्शनिक अंदाज में नीतीश कुमार ने कहा कि “आज कल तो नया आ गया है न आप लोगों का टेक्नोलॉजी। अब त पुरनका चीजवा थोड़े ही कोई देख रहा है। सब के सब तो नये चीज देख रहा है। अब उसके बाद आप समझ लीजिये जो भी हम लोग कर रहे हैं उस सबका कोई मतलब नहीं है। हम बराबर कह रहे हैं कि भाई कागज रखिये। जरूर रखिये, सुरक्षित रहियेगा। नहीं तो सौ साल भी नहीं लगेगा, धरती खत्म हो जायेगी।” नीतीश कुमार ने आगे कहा कि “खैर अब जो रहे, हम काहे के लिए कहेंगे. हम तो 73वां साल में हैं, हमको क्या है. हम तो जाने ही वाले हैं न, हमको क्या है?” नीतीश कुमार धरती को लेकर यह आशंका मोबाइल फोन और दूसरी तकनीकी चीजों के बेरोक इस्तेमाल पर कह रहे थे। लेकिन राजद एमएलसी डॉ. सुनील कुमार सिंह ने सीएम नीतीश कुमार का बिना नाम लिए उनकी जमकर खिल्ली उड़ाई है।
थरथरी-हदहदी सब बोल गए MLC
सीएम नीतीश कुमार इन दिनों पूरी हिंदी नहीं बल्कि मगही मिक्स हिंदी बोल रहे हैं। नीतीश कुमार के धरती को लेकर आशंकाओं का मजाक उड़ाते हुए राजद एमएलसी डॉ. सुनील कुमार सिंह ने भोजपुरी मिक्स हिंदी में जवाब दिया है। सुनील सिंह ने सीएम नीतीश कुमार का नाम नहीं लिया है। बल्कि उन्हें ‘साहब’ कहकर संबोधित किया है। सुनील कुमार सिंह ने लिखा है कि “शायद साहब के कथनानुसार अब धरती 100 वर्ष ही रहेगा ! यह सुनकर ही मेरे पूरे शरीर में थरथरी, कंपकपी और हदहदी समा गया है!”
सुधाकर वाला माहौल बना रहे सुनील?
एमएलसी सुनील कुमार सिंह और सीएम नीतीश कुमार के रिश्ते इन दिनों लगातार बिगड़े हुए हैं। महागठबंधन की बैठक में सीएम नीतीश कुमार ने सुनील सिंह पर आरोप लगा दिया कि वे भाजपा से मिले हुए हैं। इससे भड़के सुनील सिंह ने नीतीश कुमार के सामने अपने 27 साल से लालू परिवार के प्रति प्रतिबद्धता की गाथा सुना दी। सुनील सिंह न तो नीतीश कुमार से बैठक के अंदर सहमे और न अब बाहर चुप हैं। वे लगातार कमेंट में नीतीश कुमार और उनकी पार्टी के नेताओं के साथ मीडिया पर भी निशाना साध रहे हैं। सुनील सिंह का यह स्टैंड राजद विधायक सुधाकर सिंह के स्टैंड की तरह लग रहा है, जिसमें सुधाकर सिंह ने खुलेआम नीतीश कुमार का विरोध किया लेकिन उनकी पार्टी ने कभी कुछ नहीं कहा।
राजनीतिक जानकार बता रहे हैं कि सुधाकर सिंह को नोटिस देने के बाद भी पार्टी ने कोई कार्रवाई नहीं की। उन्होंने खुद इस्तीफा दिया था। जबकि सुनील सिंह का तो राजद में कद ऐसा है कि नीतीश कुमार के लिए सिचुएशन अनकम्फर्टेबल हो सकती है। वैसे सुनील सिंह चाहे जो कहें, नीतीश कुमार के जिस बयान की उन्होंने खिल्ली उड़ाई है, वो बयान देने के वक्त तेजस्वी यादव शांत मन से नीतीश कुमार का ही भाषण सुन कर मुस्कुरा रहे थे।




















