बिहार के सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की बहाली को लेकर शिक्षा विभाग ने बड़ी तैयारी शुरू कर दी है। यह खबर उन हजारों अभ्यर्थियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है जो शिक्षक बनने की तैयारी कर रहे हैं।शिक्षा मंत्री सुनील कुमार ने विधान परिषद (MLC) में एक सवाल के जवाब में स्पष्ट किया है कि आने वाली भर्ती प्रक्रिया विषयों की प्राथमिकता के आधार पर की जाएगी। उन्होंने बताया कि फिलहाल पठन-पाठन वाले मुख्य विषयों (जैसे गणित, विज्ञान, भाषा आदि) में शिक्षकों की कमी को पहले पूरा किया जा रहा है, क्योंकि इन विषयों में योग्य शिक्षक उपलब्ध नहीं हो पा रहे हैं।
शिक्षा मंत्री ने कहा कि बीपीएससी टीआरई 4.0 (TRE-4) के बाद ही अन्य विषयों जैसे शारीरिक शिक्षा (पीटीआई) और संगीत (म्यूजिक) के शिक्षकों की भर्ती शुरू होगी। सरकार की प्राथमिकता पहले उन विषयों की है जहां पढ़ाई-लिखाई पर सीधा असर पड़ता है। जब मुख्य विषयों की कमी पूरी हो जाएगी, तब पीटीआई और म्यूजिक जैसे विशेष विषयों की बहाली की जाएगी।
शिक्षा मंत्री ने राज्य में उच्च शिक्षा के विस्तार को लेकर भी महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने बताया कि जुलाई महीने से बिहार के 213 प्रखंडों में डिग्री कॉलेज शुरू किए जाएंगे। जिन प्रखंडों में कॉलेज भवन अभी तैयार नहीं हुआ है, वहां सरकारी किराये के भवन या खाली पड़े सरकारी भवनों में कॉलेज संचालित किए जाएंगे। सरकार का लक्ष्य है कि छात्रों को अपने ही क्षेत्र में उच्च शिक्षा की सुविधा मिल सके और उन्हें दूसरे जिलों में जाने की जरूरत न पड़े।






















