बिहार के प्रमुख शक्तिपीठों में शामिल थावे मंदिर (Thawe Temple Theft) में हुई करोड़ों की ज्वैलरी चोरी ने न सिर्फ पुलिस प्रशासन बल्कि श्रद्धालुओं की आस्था और सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। मंदिर के गर्भगृह का ताला तोड़कर चोरों ने मां थावे भवानी की बहुमूल्य ज्वैलरी से भरा लॉकर उठा लिया और आराम से फरार हो गए। शुरुआती आकलन में चोरी गई ज्वैलरी की कीमत करीब 1.8 करोड़ रुपये बताई जा रही है।
मनरेगा, राम और महिला सम्मान: बिहार के सियासी संग्राम में डिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा का पलटवार..
घटना का खुलासा उस समय हुआ जब सुबह करीब पांच बजे मंगला आरती के लिए पुजारी मंदिर पहुंचे। गर्भगृह का ताला टूटा देख मंदिर प्रशासन में हड़कंप मच गया। देखते ही देखते चोरी की खबर पूरे इलाके में फैल गई और श्रद्धालुओं में गहरा आक्रोश देखने को मिला। आस्था के इस केंद्र में हुई इतनी बड़ी वारदात ने लोगों को झकझोर कर रख दिया है।

सूचना मिलते ही पुलिस कप्तान अवधेश दीक्षित, सीडीपीओ प्रांजल त्रिपाठी और एसडीओ अनिल कुमार मौके पर पहुंचे और जांच की कमान संभाली। जांच के दौरान सामने आया कि पूरी वारदात मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद है। फुटेज में रात करीब 11:30 बजे चोर मंदिर के पीछे से सीढ़ी और रस्सी के सहारे अंदर प्रवेश करते दिख रहे हैं। इसके बाद वे गर्भगृह का ताला काटकर अंदर घुसते हैं और ज्वैलरी से भरा लॉकर उठाकर बाहर ले जाते हैं।
दरभंगा से पटना तक शक्ति प्रदर्शन.. संजय सरावगी आज संभालेंगे BJP बिहार की कमान
सीसीटीवी फुटेज में चोरों के चेहरे मास्क से ढके हुए हैं, जिससे उनकी पहचान फिलहाल मुश्किल बनी हुई है। हालांकि, जिस तरह से वारदात को अंजाम दिया गया, उससे साफ है कि चोरों ने पहले से पूरी रेकी की थी। मंदिर की दिनचर्या, आरती का समय और सुरक्षा व्यवस्था की बारीक जानकारी के बिना इतनी सटीक योजना संभव नहीं मानी जा रही।

परंपरा के अनुसार रात दस बजे शयन आरती के बाद मां की सभी ज्वैलरी उतारकर लॉकर में बंद कर दी जाती है, जिसकी चाबी मुख्य पुजारी और मंदिर प्रबंधक के पास रहती है। इसके बावजूद चोरों का गर्भगृह तक पहुंच जाना और लॉकर उठा ले जाना सुरक्षा में बड़ी चूक की ओर इशारा करता है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि मंदिर के मुख्य गेट पर टीओपी मौजूद है और पुलिस बल की तैनाती के बावजूद किसी को भनक तक नहीं लगी।
जानकारी के अनुसार चोरों ने मंदिर के पीछे स्कॉर्पियो खड़ी की थी और वारदात को अंजाम देने के बाद उसी वाहन से फरार हो गए। पुलिस ने तुरंत फॉरेंसिक और तकनीकी टीम को बुलाकर जांच शुरू कर दी है। सीसीटीवी फुटेज, वाहन की मूवमेंट और आसपास के इलाकों की गतिविधियों के आधार पर आरोपियों तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है।






















